
इंटरनेशनल साइबर ठगी सिंडिकेट का भंडाफोड़: ₹24 करोड़ को ‘व्हाइट मनी’ बनाने जयपुर आया मास्टरमाइंड गिरफ्तार
दैनिक शुभ भास्कर श्रीमती हंसा राजस्थान जयपुर कमिश्नरेट की स्पेशल टीम और साइबर थाना पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी सिंडिकेट के मुख्य सरगना को शहर से गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी ठगी के करीब 24 करोड़ रुपये की काली कमाई को वैध व्हाइट मनी करने और गुलाबी नगरी में अपना नेटवर्क फैलाने के इरादे से आया था। पुलिस ने आरोपी के पास से कई संदिग्ध दस्तावेज, मोबाइल फोन और इंटरनेशनल सिम कार्ड बरामद किए हैं। दुबई और कंबोडिया से जुड़े हैं तार पुलिस के उच्च अधिकारियों के मुताबिक गिरफ्तार मास्टरमाइंड एक ऐसे अंतरराष्ट्रीय गिरोह का संचालन कर रहा था जिसके तार दुबई कंबोडिया और वियतनाम जैसे देशों से जुड़े हैं। यह सिंडिकेट भारत के भोले-भाले लोगों को निवेश वर्क फ्रॉम होम और क्रिप्टो करेंसी में भारी मुनाफे का झांसा देकर डिजिटल अरेस्ट या अन्य तरीकों से ठगी का शिकार बनाता था जयपुर में नेटवर्क बढ़ाने की थी फिराक प्राथमिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी देश के अलग-अलग हिस्सों से ठगे गए ₹24 करोड़ को ठिकाने लगाने के लिए शेल कंपनियों फर्जी फर्मों और हवाला कारोबार का सहारा ले रहा था। वह जयपुर के कुछ स्थानीय गुर्गों से मिलकर यहां नया बेस तैयार करने और पैसे को रियल एस्टेट व अन्य कानूनी व्यवसायों में रूट कर ‘व्हाइट मनी’ में बदलने की साजिश रच रहा था, लेकिन खुफिया इनपुट के आधार पर पुलिस ने उसे धर दबोचा। खातों की जांच और बड़े खुलासे की उम्मीद
पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों, डिजिटल वॉलेट और मोबाइल चैट को खंगाल रही है। इस कार्रवाई से देश भर में चल रहे कई अन्य साइबर फ्रॉड के मामलों का खुलासा होने की संभावना है। पुलिस कमिश्नर ने आमजन से अपील की है कि वे किसी भी अनजान लिंक या भारी मुनाफे वाले विज्ञापनों के झांसे में न आएं और साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 नंबर पर शिकायत दर्ज कराएं।











