
कच्ची शराब के अवैध कारोबार पर पुलिस का बड़ा प्रहार, 600 लीटर शराब बरामद
मऊमाफी गांव में पुलिस की दबिश, मौके पर 10 हजार लीटर लहन नष्ट; 22 वर्षीय युवक गिरफ्तार
कच्ची शराब के अवैध अड्डे पर पुलिस का छापा, 600 लीटर शराब जब्त
मऊमाफी में चल रहा था अवैध शराब बनाने का कारोबार, 10 हजार लीटर लहन कराया नष्ट
दैनिक शुभ भास्कर सुरज सिंह उत्तर प्रदेश बुंदेलखंड ललितपुर। जनपद में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मऊमाफी में संचालित अवैध कच्ची शराब बनाने के ठिकाने पर छापा मारा। पुलिस की दबिश के दौरान मौके से 600 लीटर अवैध कच्ची शराब बरामद की गई, जबकि शराब तैयार करने के लिए रखा गया करीब 10 हजार लीटर लहन मौके पर ही नष्ट करा दिया गया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है।पुलिस के अनुसार, पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार बाजपेई के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक कालू सिंह और क्षेत्राधिकारी सदर अजय कुमार के पर्यवेक्षण में अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में कोतवाली पुलिस को ग्राम मऊमाफी में अवैध कच्ची शराब तैयार किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी तो वहां शराब बनाने का काम संचालित होता मिला।कार्रवाई के दौरान पुलिस ने दस सफेद प्लास्टिक की पिपियों में भरी कुल 600 लीटर कच्ची शराब बरामद की। इसके साथ ही एक शराब बनाने की भट्टी, एल्युमिनियम की परात और प्लास्टिक के पाइप सहित अन्य उपकरण भी बरामद किए गए। मौके पर मौजूद करीब 10 हजार लीटर लहन को नष्ट करा दिया गया, ताकि उससे अवैध शराब तैयार न की जा सके।पुलिस ने मौके से देगन कबूतरा 22 वर्ष पुत्र बब्बू कबूतरा निवासी ग्राम मऊमाफी, थाना कोतवाली ललितपुर को गिरफ्तार किया। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने मुकदमा अपराध संख्या 1165/2026 के तहत आबकारी अधिनियम की धारा 60(1) और 60(2) में मुकदमा दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक अनुराग अवस्थी और चौकी प्रभारी मसौराकलां उपनिरीक्षक विवेक धामा ने पुलिस टीम के साथ अहम भूमिका निभाई।अब बड़ा सवाल: ग्रामीण क्षेत्रों में अवैध कच्ची शराब बनाने के ठिकाने आखिर कब और कैसे संचालित होते हैं? पुलिस की इस कार्रवाई से अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने की उम्मीद जरूर जगी है, लेकिन ऐसे अन्य ठिकानों की भी लगातार निगरानी और सख्त कार्रवाई जरूरी है।











