
राजकीय महाविद्यालय राजगढ़ में तनावमुक्त जीवन के लिए योग एवं प्राणायाम पर व्याख्यान।
योगाचार्य केदारनाथ शर्मा ने बताए शारीरिक,मानसिक और मनोवैज्ञानिक तनाव दूर करने के उपाय।
नागपाल शर्मा माचाड़ी की रिपोर्ट
(माचाडीअलवर):-राजगढ़- श्री गोविंद देव परोपकारी ट्रस्ट के तत्वावधान में राजकीय महाविद्यालय राजगढ़ में राजस्थान राज्य महिला नीति-2021 की पालना में महिला प्रकोष्ठ की ओर से तनावमुक्त जीवन विषय पर योग एवं प्राणायाम आधारित व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पतंजलि वैलनेस के योगाचार्य केदारनाथ शर्मा ने विद्यार्थियों को योग और प्राणायाम के महत्व के बारे में जानकारी देते हुए तनावमुक्त जीवन जीने के व्यावहारिक तरीके बताए।
योगाचार्य केदारनाथ शर्मा ने विभिन्न प्रकार के प्राणायामों का अभ्यास एवं उनकी उपयोगिता समझाते हुए बताया कि नियमित योग और प्राणायाम के माध्यम से शारीरिक,शारीरिक क्रियाओं से संबंधित तथा मनोवैज्ञानिक तनाव को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। उन्होंने विद्यार्थियों को दैनिक जीवन में योग को अपनाने तथा नियमित अभ्यास के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पढ़ाई,प्रतिस्पर्धा और दैनिक जीवन की व्यस्तताओं के कारण तनाव बढ़ रहा है। ऐसे में योग एवं प्राणायाम मानसिक शांति,एकाग्रता और सकारात्मक सोच विकसित करने में सहायक हो सकते हैं। नियमित योगाभ्यास से व्यक्ति अपने शरीर और मन के बीच बेहतर संतुलन स्थापित कर सकता है।
कार्यक्रम का उद्देश्य महिला नीति-2021 के अनुरूप महिलाओं एवं विद्यार्थियों में स्वास्थ्य,मानसिक संतुलन और तनाव प्रबंधन के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। इस अवसर पर योग के माध्यम से स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया।











